पूर्ण सहर्ष करें मन से तेरा स्वागत नववर्ष ॥


पाताली-घनघोर पतन या गगनचुंबी उत्कर्ष
चाहे अपने सँग तू लाये शान्ति या कि संघर्ष
किन्तु सभी उत्थानाशान्वित-सुखाभिलाषी हम ,
पूर्ण सहर्ष करें मन से तेरा स्वागत नववर्ष

-डॉ. हीरालाल प्रजापति 

Comments

सार्थक प्रस्तुति।
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आपकी इस प्रविष्टि् की चर्चा कल शुक्रवार (02-01-2015) को "ईस्वीय सन् 2015 की हार्दिक शुभकामनाएँ" (चर्चा-1846) पर भी होगी।
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सूचना देने का उद्देश्य है कि यदि किसी रचनाकार की प्रविष्टि का लिंक किसी स्थान पर लगाया जाये तो उसकी सूचना देना व्यवस्थापक का नैतिक कर्तव्य होता है।
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नव वर्ष-2015 आपके जीवन में
ढेर सारी खुशियों के लेकर आये
इसी कामना के साथ...
सादर...!
डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक'

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