*मुक्त-मुक्तक : 329 - भोजन का भूख................


भोजन का भूख में भी जो उपयोग न हुआ ॥
क्या लाभ कि उपलब्धि का उपभोग न हुआ ॥
लादे फिरे ज्यों पीठ पुस्तकों की बोरियाँ ,
फिर भी रहे गधा गधा ही लोग न हुआ ॥

-डॉ. हीरालाल प्रजापति 

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